गुजरात टाइटंस ने पहले गेंदबाज़ी का फ़ैसला लिया और मात्र सातवें ओवर तक बेंगलुरु की टीम के चार खिलाड़ियों को महज 42 रन पर ही पुरी तरह से मैच को अपने कब्जे में कर लिया।
जब विराट कोहली और रजत पाटीदार के तुरंत आउट होने के बाद लियम लिविंगस्टन की 54 रनों की पारी की बदौलत आरसीबी आठ विकेट पर 169 रन तक बनाने में कामयाब रही. गुजरात ने आसानी से 18वें ओवर में दो विकेट पर 170 रन बनाकर ये मैच को अपने नाम कर लिया.।
आरसीबी की लगातार यह तीन मैचों में पहली हार थी. आरबीसी में अपने खिलाड़ियों के बीच सही तालमेल नहीं बैठने के कारण बल्लेबाज़ी और गेंदबाज़ी दोनों में ही उम्मीदों के अनुरूप प्रदर्शन करने में असफल रही. सही मायनों में उसने पहले दो मैचों में जिस तरह का विस्फोटक प्रदर्शन किया था, उसके ठीक वपरीत झलक दिखाई दी । टीम के किसी भी खिलाड़ियों द्वारा अपना बेस्ट प्रदर्शन करने में असफल रहे।
जॉस बटलर पहली बार गुजरात टाइटन के साथ जो उनके लिए यह नई टीम है, की तरफ से खेल रहे थे क्यों कि इससे पिछले सीजन तक राजस्थान रॉयल्स के लिए खेल रहे थे. .
आईपीएल खेलने आने से पहले उन्होंने चैंपियन ट्रॉफी 2025 में अपने टीम के लिए बेहतर प्रदर्शन न कर पाने के वजह से आज सहज महसूस कर रहे थे । इस कारण उन्हें कप्तानी छोड़नी पड़ी.
बटलर जब विकेट पर अपने आप को जब कुछ समय के लिए रोक कर रखते हैं और उसके बाद जब वेकहेला शुरू करते हैं तो विपक्षी टीम के बौलर के छक्के छुड़ा देते हैं और उनके बारे में कहा जाता है की उन्हें थामना आसान नहीं होता है.
कल के मैच में शुरुआत में काफी संभलकर खेले और पहली आठ गेंदों में सिर्फ पांच रन ही बनाए थे. लेकिन रसिख सलाम की गेंदबाज़ी के दौरान नवें ओवर में दो छक्कों से 18 रन बनाकर अपने हाथ खोले और इसके बाद उन्होंने रुकने का नाम ही नहीं लिया.
बटलर तूफानी पारी ने 31 गेंदों में सीजन का दूसरा अर्धशतक पूरा करके टीम को आसान जीत की राह पर डाला और फिर पांच चौकों और छह छक्कों से 73 रन बनाकर गुजरात टाइटंस अपनी बल्लीबाजी के बदौलत टीम को जीत दिला दी.।
जीत की राह का खांखा तैयार करने वाले सिराज
अगर मोहम्मद सिराज के बेहतरीन गेंदबाज़ी की बात कर तो गुजरात टाइटंस की जीत की राह आसन बनाने में अपनी अहम भूमिका निभाई.है।
मोहम्मद सिराज ने फर्स्ट पावर प्ले में पहले तीन ओवरों में आरसीबी के दो विकेट निकालकर उसकी अपनी काबलियत दिखाते हुए कमर तोड़ दी. फिर बाद के बल्लेबाज़ों ने अपने टीम को लड़ने लायक स्कोर तक तो पहुंचाया. पर टाइटंस के बटलर की ओर तूफानी बल्लेबाजी से इस लक्ष्य को बौना बना दिया.
मोहम्मद सिराज के उनके बेहतर बॉलिंग के प्रदर्शन ने प्लेयर ऑफ़ द मैच बनने के बाद मोहम्मद सिराज ने कहा, "ब्रेक मिलने पर मैंने अपनी गेंदबाज़ी और फिटनेस पर ख़ासकर बहुत अधिक ध्यान दिया. गुजरात टाइटंस से जुड़ने पर आशीष नेहरा से बात की तो उन्होंने कहा, खेल का आनंद लेना और अपने टीम के लिए बेहतर प्रदर्शन करना ही हमारा लक्ष्य होता है "
उन्होंने कहा, "कोई कोच आप पर ऐसा भरोसा करे तो आपका मनोबल बढ़ता ही है. एक गेंदबाज़ के रूप में मेरा हमेशा भरोसा रहता है और यह एक खिलाड़ी के लिए बहुत ही महत्वपूर्ण है ।
मोहम्मद सिराज ने पिछले आईपीएल सीजन में आरसीबी के लिए बेहतर प्रदर्शन करते हुए अधिक विकेट भी लिए थे. वह इस टीम के लिए पिछले सात सीजन से खेल रहे थे . आईपीएल 2025 में आरसीबी ने उन्हें रिटेन नहीं किया.
मोहम्मद सिराज ने पॉवरप्ले में फेंके तीन ओवरों में आरसीबी को दो तगड़े झटके देकर दिखाया कि आरसीबी ने उन्हें रिटेन नहीं करके बहुत बड़ी ग़लती की है.
मोहम्मद सिराज ने 140 किलोमीटर प्रति घंटे से ऊपर की रफ़्तार से गेंदबाज़ी करके बल्लेबाज़ों को बहुत परेशान किया. उन्होंने पहली 18 गेंदों में से आठ गेंदें ऐसी फेंकी, जो विकेट पर ही ख़त्म हो रहीं थीं, इन पर वह फिल साल्ट और देवदत्त पडिकल के विकेट लेने में महत्वपूर्ण सफलता मिली
फिल साल्ट ने मोहम्मद सिराज की एक गेंद पर छक्का लगाकर गेंद को स्टेडियम से बाहर फेंक दिया. नई गेंद ली गई और सिराज ने अगली गेंद 145 किलोमीटर से ज़्यादा रफ़्तार की फेंक कर साल्ट को पवेलियन में भेज दिया.
मोहम्मद सिराज ने मैच में उतरने से पहले एक पोस्ट में लिखा कि मैं सात साल जिस टीम के लिए खेला, उसके ख़िलाफ़ उतरने पर थोड़ा भावुक हूं और थोड़ा नर्वस भी हूं. पर वह अपनी भावनाओं को और मजबूत करके प्रदर्शन में बदलने में सफल रहे. उन्होंने 19 रनों पर तीन विकेट झटका लिए ।
आईपीएल में इस मैच के बाद मोहम्मद सिराज को लोगों ने बहुत अधिक सराहा है
आरसीबी अपने लगातार माचो में अच्छा प्रदर्शन कर रही थी और बड़ा शॉट खेलने के चक्कर में विराट कोहली सस्ते में आउट हो गए
आईपीएल के इस सीजन में लगातार देखा जा रहा है कि जो टीमें पॉवरप्ले में अच्छा प्रदर्शन कर रहीं हैं, वही जीत रही हैं. विराट कोहली बड़ा शॉट खेलने के चक्कर में कैच आउट हो गए. इसके बाद दबाव में आरसीबी लड़खड़ा गई. पहले छह ओवरों में 38 रनों पर उसने तीन विकेट खो दिए.
आरसीबी की दिक्कत यह रही कि सभी बल्लेबाज़ों ने ओवर कॉन्फिडेंस में विकेट पर टिकने के बजाय आते ही बड़े शॉट खेलने के चक्कर में अपने विकेट गंवा दिए.
पीच से गेंदबाज़ों को मूवमेंट मिलने की वजह से टीम लगातार दिक्कत में फंसती चली गई. गुजरात टाइटंस के गेंदबाज़ों ने भी अच्छी गेंदबाज़ी की. उन्होंने बल्लेबाज़ों अपने बेहतर बोलिंग के वजह से खुलकर खेलने की छूट नहीं।
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